Chouparan(Krishna Paswan) : इस साल भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा न सिर्फ धार्मिक उत्सव रही, बल्कि नारीशक्ति के नेतृत्व और सामाजिक एकता का अद्भुत उदाहरण भी बन गई। आयोजन की सफलता के बाद रथयात्रा समिति ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर समस्त श्रद्धालुओं, सहयोगियों और प्रशासनिक अधिकारियों के प्रति आभार जताया।
बुलेट पर सवार होकर भगवान की अगवानी
इस बार की रथयात्रा की सबसे खास झलक बनी दुर्गावाहिनी की बहनें। भगवा वस्त्रधारी, हाथों में ध्वज लिए इन वीरांगनाओं ने बुलेट बाइक पर भगवान जगन्नाथ की अगवानी की और यात्रा का नेतृत्व किया। आयोजकों ने कहा कि यह दृश्य श्रद्धा, ऊर्जा और अनुशासन का अनुपम संगम था। रथयात्रा में इस बार महिलाओं की भूमिका केवल दर्शक की नहीं, बल्कि नेतृत्वकर्ता की रही। मंच सज्जा हो, संकीर्तन, सांस्कृतिक कार्यक्रम या सेवा, हर जगह महिला शक्ति की अद्भुत भागीदारी देखी गई।
प्रशासन और समाज का मिला भरपूर सहयोग
आयोजकों ने DC शशि प्रकाश, SP अंजनी अंजन, SDO जोहन टुडू, DSP अजीत विमल, इंस्पेक्टर चंद्रशेखर प्रसाद, थानेदार अनुपम प्रकाश समेत सभी प्रशासनिक अधिकारियों को धन्यवाद दिया। NHAI, राजकेशरी निर्माण कंपनी, बिजली व स्वास्थ्य विभाग, स्वच्छता कर्मी और मीडिया के प्रति आभार जताया। सांसद मनीष जायसवाल और विधायक मनोज कुमार यादव के साथ-साथ सभी राजनीतिक-सामाजिक संगठनों को आयोजन के सहयोग हेतु विशेष धन्यवाद दिया गया। दो दिवसीय आयोजन में करीब 60 हजार श्रद्धालु शामिल हुये। जगह-जगह पर पेयजल, खिचड़ी और शरबत वितरण स्टॉल लगे। हर गांव से युवाओं और महिलाओं ने आकर आयोजन को सफल बनाया। रथयात्रा समिति ने कहा, “यह सिर्फ धार्मिक उत्सव नहीं था, यह सामाजिक बदलाव का प्रतीक बना। यहां प्रेम था, समर्पण था और सबसे बड़ी बात, नारीशक्ति की पूजा थी। समाज ने मिलकर दिखा दिया कि जब साथ हों, तो हर आयोजन भव्य बनता है।”










