spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img

UPI पेमेंट करने वालों के लिए बड़ी खबर…देखें

Date:

spot_img
spot_img

Kohramlive Desk : भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) ने हाल ही में जारी एक सर्कुलर में सलाह दी है कि यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) पर होने वाले मर्चेंट लेनदेन पर प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट्स (पीपीआई) शुल्क लागू किया जाए। हालांकि एनपीसीआई ने रिलीज जारी कर स्थिति साफ कर दी है कि आम ग्राहकों के लिए जो खातों से खातों में लेनदेन करेंगे उनके लिए यूपीआई मुफ्त बना रहेगा। इस नोटिफिकेशन के मुताबिक, अगर कोई व्यक्ति प्रीपेड पेमेंट इंस्‍ट्रूमेंट जैसे मोबाइल वॉलेट के जरिए व्यापारियों को 2,000 रुपये से अधिक के पैसों ट्रांसफर करता है तो ऐसी स्थिति में इंटरचेंज फीस देना होगा। ध्यान देने वाली बात ये है कि PPI के अंतर्गत कार्ड और वॉलेट आता है। यह फीस आमतौर पर 2,000 रुपये से अधिक की राशि का कुल 1.1 फीसदी होगा। बता दें कि NPCI ने अलग-अलग क्षेत्र के लिए अलग-अलग इंटरचेंज फीस तय की है। कृषि और टेलीकॉम क्षेत्र में सबसे कम इंटरचेंज फीस वसूला जाएगा। यह चार्ज मर्चेंट ट्रांजैक्शंस यानी व्यापारियों को पेमेंट करने वाले यूजर्स को ही देना पड़ेगा।

नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन (NPCI) के सर्कुलर के मुताबिक बैंक अकाउंट और PPI वॉलेट के बीच पीयर-टू-पीयर (P2P) और पीयर-टू-पीयर-मर्चेंट (P2PM) में किसी तरह का ट्रांजैक्शन पर कोई शुल्क नहीं देना होगा। इस नए नियम को 1 अप्रैल से लागू करने के बाद NPCI इसका समीक्षा 30 सितंबर, 2023 से पहले करेगा।

इंटरचेंज की शुरुआत 0.5-1.1 प्रतिशत के बीच है, जिसमें ईंधन के लिए इंटरचेंज 0.5 प्रतिशत, दूरसंचार, उपयोगिताओं/ डाकघर, शिक्षा, कृषि के लिए 0.7 प्रतिशत, सुपरमार्केट के लिए 0.9 प्रतिशत और म्यूचुअल फंड, सरकार, बीमा और रेलवे के लिए 1 प्रतिशत है। ये शुल्क 1 अप्रैल, 2023 से लागू होंगे।

इसे भी पढ़ें : पैन और आधार कार्ड वालों के लिए सरकार ने की बड़ी घोषणा

इसे भी पढ़ें : GST चोरों की अब खैर नहीं, डिफॉल्टरों को…

इसे भी पढ़ें : Mutual Fund निवेशकों के लिए बड़ी खबर, 31 मार्च तक कर लें यह काम

इसे भी पढ़ें : ग्राहक ध्यान दें : SBI और HDFC बंद कर रही यह बड़ी स्कीम, देखें…

इसे भी पढ़ें : हेमंत सरकार का ऐलान, मनरेगा मजदूरों को मिलेगा अब ज्यादा पैसा

इसे भी पढ़ें :

एक्सपर्ट बोले, अपनी भाषा, अपनी संस्कृति ही बने झारखंडी सिनेमा की पहचान…

Ranchi : झारखंड की मिट्टी में कहानियां बहुत हैं,...

झारखंड विधानसभा घेराव में शामिल हुई केंद्रीय सरना समिति…

Ranchi : झारखंड में JPSC, JSSC, CGL परीक्षाओं में...

छात्रों पर ला’ठीचार्ज के विरोध में BJP का झारखंड बंद का ऐलान…

Ranchi : झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित...

आदिवासी महोत्सवः झारखंड की मिट्टी बोलेगी, तो सिनेमा की दुनिया सुनेगी…

Ranchi : झारखंड की मिट्टी में कहानियां हैं, जंगलों...

छात्र आंदोलन के बाद CM हेमंत सोरेन का संदेश… जानें

Ranchi : छात्र आंदोलन के दौरान पैदा हुई परिस्थितियों...
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
spot_img

Related articles:

एक्सपर्ट बोले, अपनी भाषा, अपनी संस्कृति ही बने झारखंडी सिनेमा की पहचान…

Ranchi : झारखंड की मिट्टी में कहानियां बहुत हैं,...

झारखंड विधानसभा घेराव में शामिल हुई केंद्रीय सरना समिति…

Ranchi : झारखंड में JPSC, JSSC, CGL परीक्षाओं में...

छात्रों पर ला’ठीचार्ज के विरोध में BJP का झारखंड बंद का ऐलान…

Ranchi : झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित...

आदिवासी महोत्सवः झारखंड की मिट्टी बोलेगी, तो सिनेमा की दुनिया सुनेगी…

Ranchi : झारखंड की मिट्टी में कहानियां हैं, जंगलों...

छात्र आंदोलन के बाद CM हेमंत सोरेन का संदेश… जानें

Ranchi : छात्र आंदोलन के दौरान पैदा हुई परिस्थितियों...