Ranchi : झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) ने राज्य के सात प्रमुख विश्वविद्यालयों में स्थायी रजिस्ट्रारों की नियुक्ति की अनुशंसा राज्य सरकार को भेज दी है। इससे न केवल प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूती मिलेगी बल्कि छात्रों और शिक्षकों को भी बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी। JPSC ने 2023 में विज्ञापन जारी कर आवेदन मांगे थे। कुल 23 अभ्यर्थियों को दस्तावेज़ सत्यापन के लिए बुलाया गया, जिनमें से 18 ने 29 मई को इंटरव्यू में भाग लिया। इंटरव्यू प्रक्रिया के बाद आयोग ने 7 नामों की अनुशंसा की। रजिस्ट्रार का कार्यकाल चार वर्षों का होगा। विश्वविद्यालय की सिंडिकेट समिति की अनुशंसा पर इसे बढ़ाया जा सकता है। यह प्रशासनिक नेतृत्व वाला पद होता है जो विश्वविद्यालय के सारे गैर-शैक्षणिक कार्यों की निगरानी करता है। JPSC अध्यक्ष एल. खियांग्ते ने कहा कि “यह नियुक्तियां न केवल विश्वविद्यालयों की प्रशासनिक क्षमता को बढ़ायेंगी, बल्कि छात्रों को पारदर्शिता, जवाबदेही और सुलभ सेवाएं देने में भी मददगार साबित होंगी।”
ये हैं नये रजिस्ट्रार
- रांची विश्वविद्यालयः डॉ बसंत कुमार झा (वर्तमान: विभागाध्यक्ष, कृषि प्रसार शिक्षा, बीएयू कांके)
- विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबागः डॉ विमल कुमार मिश्रा
- बिनोद बिहारी महतो कोयलांचल विश्वविद्यालय, धनबादः डॉ राधानाथ त्रिपाठी
- जमशेदपुर वीमेंस यूनिवर्सिटीः डॉ कुमारी अंजना (वर्तमान: उप कुलसचिव, आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय, पटना)
- नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय, मेदिनीनगरः डॉ नफीस अहमद
- कोल्हान विश्वविद्यालय, चाईबासाः डॉ विक्रम शर्मा
- सिदो कान्हू मुर्मू विश्वविद्यालय, दुमकाः डॉ राजीव रंजन शर्मा (वर्तमान: प्रोफेसर इंचार्ज, मारवाड़ी कॉलेज, रांची)












