दूरसंचार विभाग ने 5जी टेक्नोलॉजी और स्पेक्ट्रम ट्रायल की अनुमति दे दी है। मंत्रालय ने बताया कि दूरसंचार कंपनियां ये ट्रायल ग्रामीण, अर्ध शहरी और शहरी इलाकों में शुरू करेंगी। भारत के विभिन्न स्थानों पर 5जी ट्रायल शुरू करेंगे।5जी तकनीक और स्पेक्ट्रम का ट्रायल शुरू करने वाली कंपनियों में भारती एयरटेल, रिलायंस जियो, वोडाफोन आईडिया और एमटीएनएल शामिल हैं। इन कंपनियों ने मूल उपकरण निर्माताओं और तकनीक मुहैया कराने वाली कंपनियों (नोकिया, एरिक्सन, सैमसंग और सी डॉट) से हाथ मिलाया है।

बता दें कि वर्तमान में ट्रायल की अवधि छह महीने की है। इस 5जी ट्रायल के लिए उपकरण खरीदने और उन्हें लगाने के लिए दो महीने का समय भी इसी अवधि में शामिल रहता है। रिलायंस जियो 5जी ट्रायल में अपनी खुद की विकसित की गई तकनीक का इस्तेमाल भी करेगी।
Telecom Department gives go-ahead for 5G Technology and Spectrum Trials. Telecom Service Providers to start 5G trials in different locations across India. 5G trials to cover rural, semi-urban and urban areas: Ministry of Communications
— ANI (@ANI) May 4, 2021
इससे पहले भारती एयरटेल और वोडाफोन ने चीन की हुआवेई कंपनी की तकनीक का उपयोग कर परीक्षण करने का प्रस्ताव पेश किया था। बाद में उन्होंने हालांकि अपने आवेदन में कहा कि 5जी परिक्षण में वह चीन की किसी कंपनी की तकनीक की उपयोग नहीं करेगी।

विभाग ने कहा, ‘इन दूरसंचार सेवा प्रदाता कंपनियों ने एरिक्सन, नोकिया, सैमसंग और सी-डॉट जैसे मूल उपकरण विनिर्माताओं और प्रौद्योगिकी प्रदाताओं के साथ करार किया है। जबकि रिलाइंस जियोइंफोकॉम लिमिटेड अपनी खुद की 5जी तकनीक का उपयोग करके यह परीक्षण करेगी।’












