New Delhi : भारतीय क्रिकेट टीम के चाहने वालों के लिये बड़ी खबर आई है। BCCI ने आधिकारिक रूप से घोषणा की है कि अब टीम इंडिया की जर्सी पर अपोलो टायर्स का नाम जगमगायेगा। ड्रीम-11 के अनुबंध टूटने के बाद यह ऐतिहासिक साझेदारी तय हुई है। ड्रीम-11 ने 2023 में बायजू की जगह ली थी। लेकिन हाल ही में ऑनलाइन गेमिंग बिल 2025 आने के बाद बेटिंग-संबंधित ऐप्स पर रोक लगी। इसी वजह से ड्रीम-11 ने बीच में ही 358 करोड़ का करार छोड़ दिया। अपोलो टायर्स के अलावा कैनवा और जेके टायर्स ने भी बोली लगाई थी। BCCI ने 2 सितंबर को आवेदन मंगाये थे।गेमिंग, सट्टेबाजी, क्रिप्टो और तंबाकू ब्रांड्स को इसमें शामिल होने की अनुमति नहीं थी।
डील का पैमाना
अपोलो टायर्स और BCCI के बीच हुआ करार 579 करोड़ रुपये का है। यह डील ढाई साल तक चलेगी और मार्च 2028 में समाप्त होगी। इस साझेदारी में 121 द्विपक्षीय मैच और 21 ICC मैच शामिल रहेंगे। यह डील ड्रीम-11 के 358 करोड़ रुपये वाले करार से कहीं ज्यादा बड़ी और फायदेमंद मानी जा रही है। BCCI सचिव देवजीत सैकिया ने कहा कि अपोलो टायर्स का जुड़ना सिर्फ व्यावसायिक करार नहीं, बल्कि दो संस्थाओं का संगम है जिन्होंने करोड़ों दिलों का भरोसा जीता है। यह साझेदारी भारतीय क्रिकेट की ताकत को और मजबूती देगी।” BCCI उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने कहा कि “यह ऐतिहासिक क्षण है। भारतीय क्रिकेट की अटूट भावना और अपोलो की विरासत मिलकर नई ऊंचाइयां छुयेंगे। प्रतिस्पर्धी बोली प्रक्रिया टीम इंडिया के वैश्विक ब्रांड पर बाजार का भरोसा दिखाती है।” अपोलो टायर्स MD नीरज कंवर ने कहा कि “हमारे लिये यह गर्व की बात है कि हम टीम इंडिया के राष्ट्रीय प्रायोजक बने। यह साझेदारी भारतीय खेल को ऊंचाइयों तक ले जायेगी और दुनियाभर के फैंस के लिये यादगार लम्हे बनायेगी।”






