UP : नेपाल की पहाड़ियों में हो रही भारी बारिश का असर अब नदियों के जलस्तर पर दिखने लगा है। ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में बारिश के बाद गंडक नदी के ऊपरी हिस्सों में अचानक उफान की स्थिति बनी है। इसे देखते हुये बिहार और उत्तर प्रदेश के लिये बाढ़ को लेकर विशेष चेतावनी जारी की गई है। केंद्रीय जल आयोग ने आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर सीमावर्ती और नदी किनारे बसे इलाकों में सतर्कता बरतने की सलाह दी है। नेपाल में नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने की सूचना के बाद भारत-नेपाल सीमा के आसपास के अधिकारियों को अलर्ट किया गया है। वहीं, बिहार और उत्तर प्रदेश में गंडक नदी के निचले बहाव वाले क्षेत्रों में प्रशासन को हालात पर लगातार नजर रखने को कहा गया है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, नेपाल के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में भारी बारिश के कारण नदियों में पानी बढ़ा है। नेपाल क्षेत्र में स्थित बूढ़ी गंडक नदी के आरूघाट में भी जलस्तर बढ़ने की सूचना दर्ज की गई है। इस घटनाक्रम ने नदी किनारे बसे लोगों और प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। हालांकि, अधिकारियों की नजर फिलहाल पानी के बहाव और उसके संभावित असर पर बनी हुई है।
वाल्मीकिनगर बैराज में बढ़ सकती है पानी की आवक
नेपाल में अचानक बढ़े जलस्तर का असर वाल्मीकिनगर स्थित गंडक बैराज पर भी पड़ सकता है। केंद्रीय जल आयोग के बाढ़ पूर्वानुमान प्रबोधन निदेशालय ने 11 अक्टूबर को जारी सूचना में बैराज में पानी की आवक कुछ बढ़ने की संभावना जताई है। बगहा समेत गंडक नदी के आसपास के तटीय इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिये तैयार रहने की सलाह दी गई है। केंद्रीय जल आयोग के आकलन के अनुसार, नेपाल से आने वाली बाढ़ की लहर भारतीय सीमा तक पहुंचते-पहुंचते कमजोर पड़ सकती है। आयोग के मुताबिक, भारतीय क्षेत्रों में इसका प्रभाव मामूली रहने का अनुमान है। हालांकि, नदी के जलस्तर में बदलाव को देखते हुये स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों को सतर्क रहने की जरूरत है। जलस्तर और बहाव की स्थिति बदलने पर हालात का दोबारा आकलन किया जा सकता है।







