Ranchi :”स्वावलंबी व सशक्त मातृशक्ति राष्ट्र की शक्ति है। परिवार में एक महिला शिक्षित-संस्कारित है, तो पूरे सदस्यों का कुशल मार्गदर्शन करती हैं। आज सशक्त महिलायें सामाजिक कार्यों में आगे बढ़ कर अपना योगदान दे रही हैं।” यह कहना रांची के पूर्व मेयर डॉ आशा लकड़ा का। मौका था सेवा भारती रांची महानगर के बैनर तले बाल संगम सह वैभवश्री स्वावलंबी महिला गोष्ठी कार्यक्रम का। यह आयोजन रांची के तले न्यू एजी कॉपरेटिव कॉलोनी, कडरू मैदान में हुआ। डॉ आशा लकड़ा ने कहा कि सेवा भारती के स्वावलंबन आयामों के माध्यम से अभावग्रस्त महिलाओं का आर्थिक सशक्तिकरण हो रहा है।
गोष्ठी की विशिष्ट अतिथि जयश्री इन्दरवार ने कहा कि समाज की प्रत्येक महिलाओं को हुनरमंद बनाना है। ताकि उनकी माली हालत मजबूत हो सके। पूर्व पुलिस महानिरीक्षक निर्मला कौर ने कहा कि छोटे-छोटे कुटीर उद्योगों को बढ़ावा देकर ही हर हाथ को काम दिया जा सकता है। सिलाई-कढ़ाई प्रशिक्षित युवतियां-महिलाएं अपने मुहल्लों में दुकान खोल कर स्वरोजगार से जुड़ गई हैं। विशिष्ट अतिथि विधायक नवीन जयसवाल ने कहा कि समाज के अतिम व्यक्ति को शिक्षित स्वस्थ और स्वावलंबी बनाने का काम सेवा भारती कर रही है। ऐसे सेवा कार्यों को विस्तार करने की जरूरत है। विशिष्ट अतिथि विष्णु दत्त गोयल ने कहा कि सेवा कार्य पवित्र कार्य है। समाज से कटे दीन-हीन लोगों को समृद्धशाली बनाकर समरस समाज का वातावरण बनाने की आवश्यकता है। CCL से सेवानिवृत रश्मि दयाल एवं देवव्रत पाहन ने भी गोष्ठी में अपने विचार रखें।
कार्यक्रम में वार्षिक प्रतिवेदन सेवा भारती, रांची महानगर उपाध्यक्ष शुभेन्दू भट्ट ने प्रस्तुत किया एवं धन्यवाद ज्ञापन महानगर अध्यक्ष चंद्रकांत रायपत ने किया। वहीं, कार्यक्रम का संचालन महानगर सचिव श्याम टोरका ने किया। सार्वजनिक कार्यक्रम में चित्रकला प्रतियोगिता के विशिष्ट 15 विजेताओं को पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर सेवा बस्ती के सैकड़ों बच्चों ने सामूहिक मंत्रोच्चार के साथ योग और आसन का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से राष्ट्रीय सेवा भारती के गुरूशरण प्रसाद, गिरीश मल्होत्रा, अखिलेश्वर नाथ मिश्र, ऋषि पांडेय, राधेश्याम अग्रवाल, रमाकांत दुबे, राज कुमार साहू एवं रवि चौधरी सहित शहर के गणमान्य लोग मौजूद थे।














