Ranchi : झारखंड राज्य देश के अन्य राज्यों से थोड़ा अलग है, जो काम राज्य गठन के वक्त होना चाहिए था, वो आज हो रहा है। खेती-बाड़ी के लिए राज्य में उतनी जमीन नहीं है, फिर भी लोग इसी पर निर्भर हैं। यह कहना है युवा CM हेमंत सोरेन का। मौका था ‘अबुआ वीर दिशोम अभियान’ की शुरुआत की। CM और CS सुखदेव सिंह ने नगाड़ा बजाते हुये कार्यक्रम का शुभारंभ किया। राजधानी रांची के प्रोजेक्ट भवन के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में CM हेमंत सोरेन ने कहा कि मुझे नहीं लगता आप कुछ ठान लें और वो नहीं हो सकता। सिद्धो-कान्हु वन उपज महासंघ बनाया गया, लेकिन इसको बनाने में भी एक साल लग गया। अगर वन अधिकार पर ध्यान नहीं दिया होता तो ये चर्चा के काबिल भी नहीं रहता।
राज्य में सबसे ज्यादा खनिज संपदा निकलती हैंः CM
CM हेमंत ने कहा कि आज मैं खरी-खोटी सुनाने को भी तैयार हूं। आपको सब समझना होगा। इस राज्य में सबसे ज्यादा खनिज संपदा है, जो खेती युक्त जमीन है, उससे भी कोयला निकाला जा रहा है। खनन कंपनी इस राज्य को ऐसा कबाड़ करके खनिज निकाल कर छोड़ेंगे जिसका आपको ख्याल भी नहीं है। उन्होंने कहा कि आज पर्यावरण पर चर्चा होती है, देश की राजधानी दिल्ली की हालत देखी होगी, वहां स्कूल-कॉलेज बंद हो गये हैं। आदिवासी समाज पेड़ को कभी नुकसान नहीं पहुंचाता है। CM ने कहा कि, उन्होंने बुके (गुलदस्ता) की प्रथा खत्म कर दी है। वहीं, पौधा देने की शुरुआत की है। CM ने कहा कि गेंदे-गुलाब के फूल लग जाते हैं, मगर जरूरी पेड़ नहीं लगाये जाते। ऐसा क्यों..आज भी कई जगहों पर अंग्रेजों के लगाये पेड़ जिंदा हैं, अफसरों को भी घर-दफ्तरों में यह काम करना चाहिये। आने वाले मानव जीवन के लिए ये बहुत जरूरी हैं इससे कोई नुक्सान होने वाला नहीं है।
जंगल की जमीन पर नजर गड़ाये रखते हैं वन विभागः CM
CM हेमंत सोरेन ने कहा कि लोग तो धरती को कब्र बनाने में लगे हुये हैं, जंगल तक को नहीं छोड़ा जा रहा। शहर में अतिक्रमण रोकना जरा कठिन जरूर है, पर गांव में रुक सकता है। काम को लटकाने के बहुत उपाय है मगर रास्ता निकालने का क्यों नहीं। जंगल को बचाना सबके बस की बात नहीं। वन विभाग से तो नहीं ही होगा। कुछ व्हाट्सएप देखकर मन विचलित होता है। वन विभाग जंगल की जमीन पर नजर गड़ाए रखते है. मेरे पास बोरा भरकर शिकायत है। इनको लेकर बैठा तो कितने लोग नपेंगे पता नहीं। CM ने कहा कि उन्होंने बहुत कुछ बांटा हैं राशन, पेंशन, धोती। इस अभियान का असर आने वाले समय में दिखेगा। कार्यक्रम में अपने संबोधन के अंत में CM हेमंत सोरेन ने राज्यवासियों को आगामी पर्व दीपावली और छठ की बधाई दी।






