FASTag के नाम पर ऐसे होता है फ्रॉड
मोबाइल नंबर, गाड़ी नंबर और पेमेंट डिटेल मांगी जाती है, पेमेंट करते ही पैसा स्कैमर्स के पास चला जाता है। इसका कोई कंफर्मेशन नहीं आता। गृह मंत्रालय के तहत Indian Cyber Crime Co-ordination Centre भी ऐसे हाई-टेक साइबर स्कैम को लेकर अलर्ट जारी कर चुका है। ठग अब डिजिटल प्लेटफॉर्म का तेजी से दुरुपयोग कर रहे हैं। असली और नकली में फर्क करना मुश्किल होता जा रहा है।
ऐसे बचें इस ऑनलाइन जाल से
सिर्फ आधिकारिक प्लेटफॉर्म जैसे Rajmargyatra का इस्तेमाल करें। सर्च में दिखने वाले Sponsored Links पर क्लिक करने से बचें। पेमेंट से पहले हमेशा वेबसाइट का URL चेक करें। OTP, कार्ड डिटेल्स, पासवर्ड कभी शेयर न करें। संदिग्ध वेबसाइट दिखे तो तुरंत बंद कर दें।
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