महाशिवरात्रि, हिन्दू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है। यह पावन पर्व देवों के देव महादेव भोलेनाथ को समर्पित है।हर साल यह पर्व फाल्गुन माह में कृष्ण पक्ष त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है। इस साल महाशिवरात्रि पर्व 11 मार्च को है। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, इस बार महाशिवरात्रि पर शिव योग के साथ घनिष्ठा नक्षत्र होगा और चंद्रमा मकर राशि में विराजमान रहेंगे। 
ऐसे करें भोले की पूजा और अभिषेक
शास्त्रों में बताया गया है कि महाशिवरात्रि के दिन मनुष्य को अपनी मनोकामना के अनुसार शिव की पूजा करनी चाहिए। जो व्यक्ति सांसारिक मोह माया से मुक्त होना चाहते हैं और शिवजी के चरणों में स्थान पाने की कामना रखते हैं। ऐसे जातकों को महाशिवरात्रि के दिन गंगाजल और दूध से भगवान शिव का अभिषेक करना चाहिए और रात्रि जागरण में शिव पुराण का पाठ करना या सुनना चाहिए।

आर्थिक समस्याओं का होगा निदान
जो व्यक्ति काफी समय से वाहन खरीदने के लिए प्रयास कर रहे हैं, लेकिन कामयाबी नहीं मिल रही है। तो महाशिवरात्रि के दिन दही से भगवान शिव का अभिषेक करें। आर्थिक समस्याओं के कारण जो लोग परेशान और चिंतित रहते हैं उनके लिए महाशिवरात्रि पर शिव जी की पूजा का खास विधान है। ऐसे लोगों को शहद और घी से भगवान शिव का अभिषेक करना चाहिए। प्रसाद के तौर पर भोलेनाथ को गन्ना अर्पित करें।

अच्छी सेहत के लिए करें ये यह उपाय
जो व्यक्ति अक्सर बीमार रहते हैं या जिनके स्वास्थ्य में उतार-चढ़ाव बना रहता है उन्हे महाशिवरात्रि के मौके का लाभ उठाना चाहिए। शास्त्रों में कहा गया है कि भोलेनाथ कालों के भी काल हैं जिनके सामने यम भी हाथ जोड़े खड़े रहते हैं। इसलिए महाशिवरात्रि के दिन बेहतर स्वास्थ्य की इच्छा रखने वालों को जल में दुर्वा मिलाकर शिव जी को अर्पित करना चाहिए। जितना अधिक संभव हो महामृत्युंजय मंत्र का जप करें।

संतान प्राप्ति के लिए करें यह काम
जो दंपत्ति योग्य संतान की अभिलाषा रखते हैं उन्हें महाशिवरात्रि के दिन दूध से शिवलिंग का अभिषेक करना चाहिए। शिव के साथ ही मां पार्वती और गणेश एवं कार्तिक की पूजा भी संतान सुख के योग मजबूत बनाता है।








