नई दिल्ली : क्या आपकी भी Car Insurance खत्म हो गया है और आपने अभी तक रिन्यू नहीं कराया है तो…अब फटाफट करा लें। गाड़ी का इंश्योरेंस रिन्यू न कराने पर आपको जुर्माना भरना पड़ सकता है। इंडियन मोटर लॉ Indian Motor Law के मुताबिक, कार को Car Insurance Policy के चलाना अपराध है। इस तरह गाड़ी चलाने पर वाहन चालक को जुर्माना देना पड़ता है।
बीमा कंपनियां 15 से 30 दिनों का ग्रेस पीरियड देती हैं
इंश्योरेंस की तारीख खत्म होने के बाद बीमा कंपनियां आपको 15 से 30 दिनों का ग्रेस पीरियड देती हैं। उसके तहत पॉलिसीधारक बिना कवरेज लैपिंग के प्रीमियम का भुगतान कर सकता है। PolicyX के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और फाउंडर नवल गोयल कहते हैं कि अगर कोई व्यक्ति ग्रेस पीरियड भी मिस करता है, तो उसे फिर एक नई पॉलिसी लेनी पड़ती है।
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पॉलिसी एक्सपायर होने पर Insurance कर्ता करें संपर्क
पॉलिसीबाजार के मोटर इंश्योरेंस हेड सज्जा प्रवीण चौधरी कहते हैं कि अगर कंपनी से पॉलिसी एक्सपायरी का मैसेज मिलता है, तो इसे रिन्यू कराने के लिए पॉलिसी होल्डर को इंश्योरेंस करने वालों से संपर्क करना चाहिए। एक बार इंश्योरेंस कंपनी को बताने के बाद वाहन का सर्वे करने के लिए ऑपाइंटमेंट फिक्स हो जाता है। सर्वे करने वाला यह देखेगा कि कार में किसी तरह का कोई डैमेज पहले से तो नहीं है। एक बार यह प्रक्रिया पूरी हो जाए, उसके बाद पॉलिसी रिन्यू करने के लिए पेमेंट लिंक मिलेगा।
किस स्थिति में पॉलिसी रिन्यू नहीं होगी
पॉलिसी रिन्युवल के समय मौजूदा पॉलिसी को रिन्यू करने के अलावा आवश्यकताओं के अनुसार बढ़ाया हुआ कवर भी मिल सकता है। Alankit LTD के मैनेजिंग डायरेक्टर अंकित अग्रवाल कहते हैं कि अगर पहले से डैमेज है, तो कार की खत्म हो चुकी पॉलिसी रिन्यू नहीं हो सकती है।
चेंज करा सकते हैं बीमाकर्ता
बीमाकर्ता वाहन की क्षति पर कुछ कटौती कर सकता है। इसके अलावा सज्जा प्रवीण चौधरी ने यह भी बताया कि अगर वर्तमान बीमाकर्ता से ग्राहक संतुष्ट नहीं है, तो वे बीमाकर्ता बदल सकते हैं। कस्टमर को कोई ऐसा बीमाकर्ता देखना चाहिए जो बढ़ा हुआ कवर और बेहतर बीमा सर्विस देता हो।
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